दिवंगत विशिष्टजन कें स्मरण करैत 'समवेत श्रद्धांजलि सभा'


मिथिला सांस्कृतिक परिषद, कोलकाता द्वारा 26 मार्च शनिदिन 'समवेत श्रद्धांजलि सभा' सफलतापूर्वक आयोजित भेल. एहि मे पछिला दू वर्ष मे कोलकाताक दिवंगत मैथिली सेनानी, साहित्यकार, रंगकर्मी, संपादक ओ समाजसेवी लोकनि कें श्रद्धा-सुमन अर्पित कएल गेल.

स्थानीय बागबाजार रीडिंग लाइब्रेरी हॉल मे संध्या पाँच बजे सँ आरंभ एहि कार्यक्रम मे कोलकाताक प्रवासी मैथिलगण बेस संख्या मे उपस्थित छलाह. सबसँ पहिने उपस्थित समस्त जन सभ दिवंगत व्यक्तिक फोटो पर पुष्प चढ़ा हुनका लोकनिक प्रति अपन कृतज्ञता व्यक्त कएलनि. तत्पश्चात स्वर्गीय एक- एक व्यक्तिक व्यकित्व ओ कृतित्व कें एक-एक वक्ता  विस्तार सँ स्मरण कएलनि. 

सबसँ पहिने श्रद्धेय दयानाथ झा (02.01.1940 - 09.03.2020)क कृतित्वक स्मरण करैत रंजीत  कुमार झा हुनक रंगकर्म, सभा-संस्था मे हुनक सक्रियता, 'संपर्क' मे हुनक नियमित उपस्थिति आदिक चर्चा प्रमुख रूपें कएलनि. श्रद्धेय राजकुमार झा (19.01.1954 - 16.03.2021)क कीर्तिक स्मरण करैत पवन कुमार झा (गुमनाम फरिश्ता) हुनक सहज ओ निर्मल व्यवहार, मिथिला सेवा समिति, बेलूड़क संस्थापक सदस्य आ सचिवक रूपें हुनक काज, विशेष रूपें 'कथा सरिता' कथा संग्रहक डॉ. जयधारी सिंहक संपादन मे  प्रकाशन, जानकी सेवा संघ, कोन्नगरक स्थापना आ ओइ ठाम संस्थाक भवन निर्माण, विद्यापतिक नाम पर दू टा सड़क (विद्यापति उद्यान, बेलूड़ तथा विद्यापति लेन कोन्नगर)क नामकरण मे महत्वपूर्ण भूमिका आदिक संगहि सामाजिक सक्रियता आदिक विस्तार सँ चर्चा केलनि. 

श्रद्धेय रामलोचन ठाकुर (18.03.1948 - 25.03.2021)क व्यक्तित्व ओ कृतित्वक स्मरण केलनि प्रो. विद्यानन्द झा. ओ हुनक मैथिली सेनानीक रूपें काज, रंगकर्मीक रूपें हुनक महत्व, मैथिली पत्रकारिता मे हुनक योगदान, मैथिली कविता, व्यंग्य, आलेख, संस्मरण आदि मे हुनक लेखनक महत्व, मैथिली कार्यकर्ताक रूपें हुनक सक्रियता आदि कें रेखांकित केलनि. श्रद्धेय अजय सिंह (24.09.1956 - 09.04.2021)क कीर्ति पर विस्तारपूर्वक चर्चा करैत डॉ. अनमोल झा कहलनि जे स्वस्ति फाउंडेशनक माध्यमे मैथिली साहित्यकार लेल प्रबोध साहित्य सम्मान, मिथिला दर्शन मीडिया केर माध्यमे मिथिला दर्शनक प्रकाशनक संगहि कतिपय सीरियल, सिनेमा आदिक निर्माण, पैतृक गाम सहमौरा मे सामाजिक सेवाक काज आदिक हेतु हुनक नाम इतिहास मे स्वर्णाक्षर मे लिखल जाएत. 

श्रद्धेय इन्द्रनारायण झा (31.08.1954 - 04.05.2021)क व्यक्तित्व पर चर्चा करैत कहलनि जे ओ विद्यापति स्मारक मंचक सचिव आ स्तम्भ छलाह. विद्यापति सदनक निर्माण हुनके कार्यकाल मे भेल. ओ मृदुभाषी ओ व्यवहारकुशल लोक छलाह. श्रद्धेय राजनंदन लाल दास (05.01.1934 - 04.07.2021)क कृतित्वक चर्चा करैत लक्ष्मण झा सागर कहलनि जे दास जी मैथिली पत्रकारिता मे कीर्तिमान स्थापित कऽ गेलाह. जतेक पैघ कालखंड धरि ओ कर्णामृत कें चलओलनि आ जे घोषित रूपें एखनो बंद नै भेल अछि, मैथिली पत्रिकारिता मे विरल अछि. ओ लेखकक रूपें सेहो सम्मानित छलाह. युवा लेखक कें बेस प्रोत्साहित करैत छलाह. 

श्रद्धेय आमोद कुमार झा (01.11.1968 - 12.11.2021) कें स्मरण करैत राजीव रंजन मिश्र बजलाह जे ओ सरल आ उदार व्यक्ति छलाह. अपन पारिवारिक दायित्वक पालन नीक जकाँ केलनि. मुदा सामाजिक दायित्व निमाहबा मे सेहो पाछाँ नै रहै छलाह. साहित्यकारक रूपें ओ मूलतः कवि छलाह. संगहि कथा ओ निबंध सेहो दक्षतापूर्वक लिखैत छलाह. एखन डाक्टरेट कऽ रहल छलाह. संस्कृति मंत्रालयक अधीन मैथिली संत साहित्य पर शोध केने रहथि. कार्यक्रमक आरंभ मे विषयक उपस्थापन दयाशंकर मिश्र आ संचालन मिथिलेश कुमार झा केलनि.